सही नज़र के लिए आँखों की रेटिना का स्वस्थ होना बहुत ज़रूरी है। कई ऐसी बीमारियाँ हैं जो रेटिना को नुकसान पहुँचा सकती हैं, जिससे आँखों की नज़र कमज़ोर हो सकती है या पूरी तरह जा सकती है। रेटिना की बीमारी अंधेपन का एक मुख्य कारण है और इसका जल्द पता चलना बहुत फ़ायदेमंद होता है। ज़्यादा जानकारी के लिए डॉक्टर से सलाह लें!
स्वस्थ आँख
डायबिटिक रेटिनोपैथी आँख
तथ्य
दृष्टि की भूमिका: यह सेंट्रल और डिटेल्ड विज़न को कंट्रोल करता है।
आम कारण: डायबिटीज, उम्र बढ़ना और आंखों की समस्याएं रेटिना को प्रभावित कर सकती हैं।
लक्षण: इससे धुंधला दिखना, आंखों के सामने चमक या तैरते हुए धब्बे (फ्लोटर्स) दिखाई दे सकते हैं।
इलाज: यह रेटिना की स्थिति पर निर्भर करता है और इसमें दवा, लेज़र या सर्जरी शामिल हो सकती है।
धुंधली या अस्पष्ट दृष्टि
टेढ़ी-मेढ़ी या लहरदार रेखाएँ
बीच की दृष्टि का धुंधलापन
चमक या नए फ्लोटर्स
गायब या गहरे हिस्से
रंग पहचानने में कठिनाई
पास या दूर का देखने में कठिनाई
रेटिना की बीमारियों से सुरक्षित रहने के सामान्य तरीके
आपको यह जानना चाहिए
'डायबिटिक रेटिनोपैथी' और 'मैकुलर डिजनरेशन' के अलावा रेटिना की कई अन्य बीमारियाँ भी हैं जो आपकी आँखों की रोशनी को गंभीर रूप से नुकसान पहुँचा सकती हैं या पूरी तरह से अंधापन भी ला सकती हैं। देर होने से पहले डॉक्टर से सलाह लें।समय-समय पर अपना ब्लड प्रेशर और डायबिटीज़ की जाँच करवाते रहें और उन्हें कंट्रोल में रखें।
हाई ब्लड प्रेशर और डायबिटीज़ वाले मरीज़ों को साल में एक या दो बार आँखों के डॉक्टर (ऑप्थल्मोलॉजिस्ट) से सलाह लेनी चाहिए।
रोज़ाना के खाने में सब्ज़ियाँ, फल और मछली शामिल करनी चाहिए।
नियमित रूप से व्यायाम करना चाहिए और शरीर का वज़न कंट्रोल में रखना चाहिए।
धूम्रपान छोड़ने से आपको रेटिना की बीमारियों से बचने में मदद मिल सकती है।
एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन C और विटामिन E वाले खाद्य पदार्थ आपको रेटिना की बीमारियों से बचा सकते हैं।